भारतीय शिक्षा

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भारतीय शिक्षा के विकास के कुछ प्रमुख घटनाक्रम

(Some Major Landmark issues Development of Indian Education)

भारतीय शिक्षा (Indian Education)  के   Important point —

वर्ष (Year) 

घटनाक्रम (Event)

ईसा पूर्व 20वीं शताब्दी वेदों की रचना।
ईसा पूर्व 20वीं से ईसा वेद – आधारित शिक्षा व्यवस्था की प्रधानता।
पूर्व छठी शताब्दी—  
ईसा पूर्व 5वीं शताब्दी बौद्ध धर्म का उद्भव।
ईसा पूर्व छठी वीं शताब्दी  बौद्ध मठों व बिहारों में बौद्ध धर्म केन्द्रित शिक्षा पर जोर।
ईसा पूर्व 5वीं से नालन्दा, तक्षशिला, वल्लभी, विक्रमशिला जैसे बौद्ध शिक्षा विहारों का प्रचलन।
8 वीं शताब्दी
8वीं शताब्दी  भारत पर मुस्लिमों के आक्रमण प्रारम्भ।
12वीं शताब्दी भारत में मुस्लिम शासन प्रारम्भ तथा इस्लामी संस्कृति की शिक्षा प्रारम्भ।

 

14वीं शताब्दी उर्दू भाषा का उद्भव।
15वीं शताब्दी फिरोजशाही मदरसा, मदरसा-ए-बेगम, महमूद गवान विद्यालय जैसी मुस्लिम शिक्षण संस्थाओं का प्रचलन।
17वीं शताब्दी—  
17वीं शताब्दी ईसाई मिशनरियों द्वारा धर्मार्थ विद्यालयों (Charity Schools) की स्थापना।
18वीं शताब्दी— ईस्ट इंडिया कम्पनी के द्वारा अनेक विद्यालयों की स्थापना।
1781  कलकत्ता मदरसा की स्थापना।
1791 बनारस संस्कृत कॉलेज की स्थापना।
1792 चार्ल्स ग्रान्ट (Charles Grant) द्वारा शिक्षा की पंचसूत्री योजना की प्रस्तुति।
1800 फोर्ट विलियम कॉलेज, कलकत्ता की स्थापना।
   

1813  चार्टर अधिनियम (Charter Act of 1813) में शिक्षा के लिए एक लाख रुपये प्रतिवर्ष व्यय करने का प्रावधान।
1833  चार्टर अधिनियम (Charter Act of 1833) में शिक्षा के लिए दस लाख रुपये प्रतिवर्ष व्यय करने का प्रावधान।
1835 मैकाले के घोषणा-पत्र (Macauley’s Minutes) के द्वारा भारत में यूरोपीय साहित्य व विज्ञान का अंग्रेजी माध्यम से प्रचार करने का निर्णय तथा अद्योगामी निस्यन्दन सिद्धान्त का प्रतिपादन।
1835  लॉर्ड विलियम बैंटिक के द्वारा निर्गत आदेश-पत्र (Resolution of March, 1935) के द्वारा मैकाले के प्रस्ताव की स्वीकृति।
1839 लॉर्ड आकलैंड के द्वारा प्राच्य शिक्षा (Oriental Education) को भी पाश्चात्य शिक्षा के समान प्रोत्साहन।
1854  चार्ल्स वुड के नेतृत्व में ‘वुड घोषणापत्र’ (Wood’s Despatch) के द्वारा जनसाधारण की शिक्षा, स्त्री शिक्षा तर्थ अध्यापक शिक्षा पर जोर एवं पाश्चात्य प्रकार के विश्वविद्यालय खोलने की संस्तुति।
1857 कलकत्ता, बम्बई तथा मद्रास में पाश्चात्य प्रकार के विश्वविद्यालयों की स्थापना।
1859  स्टेनली के आज्ञा-पत्र (Stanley’s Despatch) के द्वारा सरकार द्वारा प्राथमिक शिक्षा का उत्तरदायित्व उठाने की नीति।
1882  हन्टर आयोग (Hunter Commission) द्वारा शिक्षा सम्बन्धी व्यापक संस्तुतियां।
1887  इलाहाबाद विश्वविद्यालय की स्थापना।
1902 भारतीय विश्वविद्यालय आयोग (Releigh Commission) द्वारा विश्वविद्यालयों का पुनर्गठन करने व इनमें शिक्षा कार्य करने की संस्तुति।
1904  लॉर्ड कर्जन के द्वारा शिक्षा नीति सम्बन्धी सरकारी प्रस्ताव (Government Resolution on Education Policy) की घोषणा।
1904 भारतीय विश्वविद्यालय अधिनियम द्वारा विश्वविद्यालयों के प्रशासन, अधिकार व कार्य-क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन।
1905 कांग्रेस द्वारा कलकत्ता अधिवेशन में देश में राष्ट्रीय शिक्षा (National Education) लागू करने की माँग।
1911 गोपाल कृष्ण गोखले द्वारा केन्द्रीय धारा सभा में प्रारम्भिक शिक्षा को अनिवार्य (Compulsory) बनाने का प्रस्ताव।
1913 शिक्षा नीति सम्बन्धी सरकारी प्रस्ताव में निरक्षरता दूर करने तथा प्राथमिक शिक्षा पर अधिक जनकोष खर्च करने पर जोर।
1917 कलकत्ता विश्वविद्यालय आयोग (Sadler Commission) द्वारा नये विश्वविद्यालय खोलने,

कलकत्ता विश्वविद्यालय को शिक्षण विश्वविद्यालय बनाने तथा इन्टर कक्षाओं को विश्वविद्यालय से अलग करने की सिफारिश।

1925  अन्तर्विद्यालय परिषद् (Inter University Board-IUB) का गठन
 

 
1929 हर्टाग समिति (Hertong Committee) द्वारा प्राथमिक शिक्षा में अपव्यय व अवरोधन की समस्या की ओर ध्यानाकर्षण एवं सभी स्तरों पर शिक्षा की गुणात्मक उन्नति करने पर जोर।
1937 एबट-वुड प्रतिवेदन (Abbot-Wood Report) में उच्चतर माध्यमिक स्तर पर तकनीकी व व्यावसायिक शिक्षा की व्यवस्था करने तथा सामान्य शिक्षा का उन्नयन करने की संस्तुति।
1937 वर्धा में महात्मा गांधी की अध्यक्षता में आयोजित अखिल भारतीय राष्ट्रीय शिक्षा सम्मेलन में बेसिक शिक्षा (Basic Education) योजना की प्रस्तुति।
1938  बेसिक शिक्षा योजना पर खेर समिति (Kher Committee) का प्रतिवेदन।
1940 द्वैध शासन (Dyarchy) के दौरान शिक्षा की व्यवस्था करने सम्बन्धी अधिकार निर्वाचित मन्त्री के पास।
1944 सार्जेन्ट योजना (Sargent Plan) के द्वारा द्वितीय विश्वयुद्ध के उपरान्त भारत में शैक्षिक विकास की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत।
1949 विश्वविद्यालय शिक्षा आयोग (Radha Krishna Commission, 1948-49) के प्रतिवेदन में उच्च शिक्षा में सुधार हेतु संस्तुतियाँ
1950  भारतीय संविधान में शिक्षा सम्बन्धी अनेक महत्त्वपूर्ण प्रावधान।
1953 माध्यमिक शिक्षा आयोग (Mudaliar Commission-1925) के प्रतिवेदन में माध्यमिक शिक्षा में सुधार हेतु संस्तुतियाँ।
1956  विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) की स्थापना।
1959 दुर्गाबाई देशमुख समिति (1958-59) के द्वारा स्त्री-शिक्षा के प्रोत्साहन हेतु संस्तुतियाँ।
1959 श्रीप्रकाश समिति द्वारा धार्मिक व नैतिक शिक्षा के सम्बन्ध में संस्तुतियाँ।
1961  डॉ. सम्पूर्णानन्द समिति के द्वारा संवेगात्मक एकता सम्बन्धी सुझाव।
1961 राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद् (NCERT) का गठन।
1962 दिल्ली विश्वविद्यालय द्वारा भारत में स्नातक स्तर पर पत्राचार पाठ्यक्रम का प्रारम्भ।
1964  हंसा मेहता समिति के द्वारा लड़कियों के लिए विभिन्न शिक्षा स्तरों पर पाठ्यक्रय सम्बन्धी सुझाव।
1966 कोठारी आयोग (Kothari Commission,1964-66) के द्वारा ‘शिक्षा एवं राष्ट्रीय विकास’ नामक प्रतिवेदन में शैक्षिक सुधार हेतु व्यापक संस्तुतियाँ।
1968  स्वतन्त्रोपरान्त प्रथम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NPE-1968) की घोषणा।
1973 अन्तर्विश्वविद्यालय परिषद् (IUB का भारतीय विश्वविद्यालय संघ (Association of Indian Universities-AIU) के रूप में नाम परिवर्तन।
1977 पटेल समिति के द्वारा दस वर्षीय स्कूली शिक्षा पाठ्यक्रम का पुनरीक्षण।
1978 आदिसेषैया समिति (Adiseshaiyah Committee, 1977-78) के द्वारा +2 स्तर के पाठ्यक्रय का पुनरीक्षण तथा +2 स्तर पर व्यावसायीकरण करने की संस्तुति।
1982 आंध्र प्रदेश में भारत के प्रथम मुक्त विश्वविद्यालय की स्थापना।
1985  नई दिल्ली में इन्दिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (IGNOU) की स्थापना।
1985  नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के सम्बन्ध में विचार विमर्श को प्रोत्साहित करने हेतु ‘शिक्षा की चुनौती-नीति सम्बन्धी परिप्रेक्ष्य’ नामक दस्तावेज।
1986 नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति एवं कार्यान्वयन कार्यक्रम की घोषणा।
 

 
1990 आचार्य राममूर्ति समिति द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति, 1986 की समीक्षा एवं प्रबुद्ध और मानवीय समाज की ओर’ नामक प्रतिवेदन की प्रस्तुति।
1989  राष्ट्रीय मुक्त विद्यालय (National Open School-NOS) की स्थापना।
1992  राष्ट्रीय शिक्षा नीति-1986 में कतिपय संशोधन एवं कार्यान्वयन कार्यक्रम, 1992 की घोषणा।
1992 संवैधानिक निकाय के रूप में दूरस्थ शिक्षा परिषद् (Distance Education Council-DEC) का गठन।
1993  राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद् (NCTE) का गठन।
1993 प्रोफेसर यशपाल समिति (1992-93) द्वारा प्राथमिक स्तर के छात्रों के शैक्षिक बोझ को कम करने हेतु सुझाव।
1999 इलाहाबाद में उ.प्र. राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय (UPRTOU) की स्थापना।
2002  संविधान संशोधन द्वारा प्रारम्भिक शिक्षा एवं मौलिक अधिकार घोषित।
2003 राष्ट्रीय आकलन व प्रमाणन परिषद् (NAAC) के द्वारा उच्च शिक्षा संस्थाओं का आंकलन व प्रमाणन कराना बाध्यकारी।
2003 राष्ट्रीय मुक्त विद्यालय (NOS) का नाम राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (National Institute of Open Schooling-NIOS) के रूप में परिवर्तित।
2004  शिक्षा के लिए समर्पित उपग्रह ‘ऐजुसैट’ का अन्तरिक्ष में प्रक्षेपण।
2005 इलाहाबाद विश्वविद्यालय को केन्द्रीय विश्वविद्यालय बनाने का निर्णय।
2005  राष्ट्रीय ज्ञान आयोग (NKC) का गठन।
2008  विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक सुधार की पहल।
2009  उच्च शिक्षा के लिए यशपाल समिति का प्रतिवेदन।

 

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